गाजियाबाद में कड़ाके की ठंड में नगर निगम बना निराश्रितों का सहारा, शहर भर में जल रहे अलाव

-60 से अधिक सार्वजनिक स्थलों पर अलाव व्यवस्था, राहगीरों और बेसहारा लोगों को मिल रही राहत

उदय भूमि संवाददाता
गाजियाबाद। लगातार बढ़ती ठंड और शीतलहर के प्रकोप को देखते हुए नगर निगम ने मानवीय संवेदनशीलता का परिचय देते हुए शहर के विभिन्न सार्वजनिक स्थलों पर अलाव की व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ कर दिया है। नगर निगम द्वारा लगभग 60 से अधिक स्थानों पर सूखी लकडिय़ों के माध्यम से अलाव जलाए जा रहे हैं, जिससे निराश्रितों, राहगीरों, यात्रियों एवं बेसहारा लोगों को ठंड से राहत मिल सके। नगर निगम द्वारा शहर के ऐसे प्रमुख स्थलों को चिह्नित किया गया है, जहां बड़ी संख्या में निराश्रित एवं राहगीर एकत्र होते हैं। इनमें साहिबाबाद रेलवे स्टेशन, मोहन नगर बस अड्डा, सूर्य नगर पुलिस चौकी, बृज विहार पुलिया, आयकर भवन के आसपास का क्षेत्र, सेक्टर-23 संजय नगर चौराहा, जस्सीपुरा मोड़, कालका गाड़ी पुलिस चौकी, एमएमजी अस्पताल के निकट, पीएसी चौराहा केला भट्टा, कमला नेहरू नगर चौराहा, डबल टंकी मिर्जापुर चौराहा सहित अन्य स्थायी एवं अस्थायी आश्रय स्थलों के बाहर अलाव की व्यवस्था की गई है। विशेष रूप से रेलवे स्टेशन, बस अड्डों और अस्पताल परिसरों में राहगीरों और यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए अतिरिक्त अलाव जलाए जा रहे हैं।

नगर निगम के उद्यान विभाग के प्रभारी डॉ अनुज कुमार सिंह ने बताया कि बीते दो वर्षों से नगर निगम द्वारा अलाव व्यवस्था पर कोई अतिरिक्त व्यय नहीं किया जा रहा है। राजस्व की बचत करते हुए उद्यान विभाग द्वारा पार्कों और अन्य स्थानों से एकत्र की गई लकडिय़ों का उपयोग अलाव जलाने में किया जा रहा है। उद्यान विभाग के मुख्य माली, पर्यवेक्षक एवं उद्यान निरीक्षक अजय हरित के नेतृत्व में टीम द्वारा यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि समय से आवश्यक स्थानों पर अलाव की व्यवस्था उपलब्ध हो। उन्होंने बताया कि जिन स्थानों पर यात्रियों और निराश्रितों की संख्या अधिक रहती है, उन्हें प्राथमिकता के आधार पर चयनित कर वहां अलाव जलाए जा रहे हैं।

नगर निगम के विभिन्न क्षेत्रों में अलाव व्यवस्था को सुनियोजित ढंग से लागू किया गया है। नगर क्षेत्र में उन्नीस स्थानों पर, कवि नगर क्षेत्र में दस स्थानों पर, विजय नगर क्षेत्र में सात स्थानों पर, मोहन नगर क्षेत्र में दस स्थानों पर तथा वसुंधरा क्षेत्र में ग्यारह स्थानों पर अलाव जलाए जा रहे हैं। यह व्यवस्था लगातार निगरानी में रखी जा रही है ताकि किसी भी स्थान पर आवश्यकता पडऩे पर तुरंत सुविधा उपलब्ध कराई जा सके। नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक ने बताया कि ठंड की तीव्रता को देखते हुए आने वाले दिनों में आवश्यकता अनुसार 60 से अधिक स्थानों पर भी अलाव व्यवस्था का विस्तार किया जाएगा। इसके लिए प्रभारी उद्यान अधिकारी एवं उनकी टीम को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि चिह्नित सार्वजनिक स्थलों पर नियमित रूप से अलाव जलाया जाए, जिससे कोई भी निराश्रित या राहगीर ठंड से परेशान न हो।

उन्होंने कहा कि नगर निगम का उद्देश्य है कि शहर में कोई भी व्यक्ति ठंड के कारण असहाय न रहे। नगर आयुक्त ने जानकारी दी कि नगर निगम द्वारा नंदी पार्क गौशाला तथा बेसहारा पशुओं के लिए भी आवश्यक स्थलों पर अलाव की व्यवस्था की जा रही है। ठंड से बचाव के लिए पशुओं हेतु की गई यह पहल मानवीय संवेदनाओं के साथ-साथ जीव-जंतुओं के प्रति निगम की जिम्मेदारी को भी दर्शाती है। नगर निगम की यह व्यवस्था शहरवासियों द्वारा सराहनीय मानी जा रही है और कड़ाके की ठंड में जरूरतमंदों के लिए एक बड़ी राहत साबित हो रही है।

Dr. Anuj Singh
डॉ. अनुज कुमार सिंह
उद्यान विभाग प्रभारी
नगर निगम गाजियाबाद।

नगर निगम की ओर से कड़ाके की ठंड के मद्देनजर शहर के सभी सार्वजनिक स्थलों पर अलाव की व्यवस्था का कार्य लगातार किया जा रहा है। बीते दो वर्षों से इस व्यवस्था पर अतिरिक्त व्यय नहीं किया गया है, बल्कि उद्यान विभाग द्वारा पार्कों, मार्गों और अन्य स्थानों से एकत्रित की गई सूखी लकडिय़ों का इस्तेमाल कर अलाव जलाया जा रहा है। हमारी टीम यह सुनिश्चित कर रही है कि सभी चिह्नित स्थलों पर समय पर अलाव उपलब्ध हो, विशेषकर उन क्षेत्रों में जहां निराश्रित और राहगीरों की संख्या अधिक रहती है। मुख्य माली, पर्यवेक्षक एवं उद्यान निरीक्षक अजय हरित के नेतृत्व में यह कार्य पूरी निष्ठा और समर्पण के साथ किया जा रहा है। नगर निगम का उद्देश्य केवल अलाव जलाना नहीं, बल्कि कड़ाके की ठंड में जरूरतमंदों और बेसहारा लोगों को राहत और सुरक्षा प्रदान करना है। नगर निगम अपने नागरिकों और जीव-जंतुओं दोनों की भलाई के लिए हर संभव प्रयास कर रहा है और ठंड से किसी को भी असुविधा न हो, यहीं हमारी प्राथमिकता भी है।
डॉ. अनुज कुमार सिंह
उद्यान विभाग प्रभारी
नगर निगम गाजियाबाद।