आतंक के समर्थकों से भी सतर्क रहने की जरूरत
अहमदाबाद। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि आतंकवाद आज सकल विश्व के लिए चिंता का कारण है। इसके खिलाफ वैश्विक समुदाय को एकजुट होकर संघर्ष करना होगा। उन्होंने कहा कि आतंकवाद के कुछ समर्थकों के कारण मानवता के लिए चिंता बढ़ गई है। देश के पहले गृहमंत्री सरदार बल्लभ भाई पटेल की 145वीं जयंती पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने स्टैच्यू ऑफ यूनिटी पर श्रद्धांजलि अर्पित की। इसके बाद उन्होंने अपने संबोधित में आतंकवाद को समूचे विश्व के समक्ष गंभीर चिंता का विषय बताया। उन्होंने कहा कि आतंकवाद और हिंसा बेहद निंदनीय हैं। इनसे कभी किसी का भला संभव नहीं है। उन्होंने कहा कि पिछले कुछ समय के भीतर कुछ देशों में जो हालात देखने को मिले हैं, वह कतई अच्छे नहीं हैं। कुछ लोग खुलकर आतंकवाद के समर्थन में सामने आ गए हैं। वह आज मानवता, दुनिया, शांति के उपासकों और वैश्विक चिंता का कारण बन गया है। ऐसे में दुनिया के सभी देशों, सभी सरकारों व सभी पंथों को आतंकवाद के खिलाफ एकजुट होने की सर्वाधिक आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि शांति एवं भाईचारा और परस्पर आदर का भाव मानवता की सच्ची पहचान है। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि भारत भी आतंकवाद का भुक्तभोगी रहा है। आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई में भारत ने हजारों जवानों और निर्दोष नागरिकों को गंवाया है। आतंकवाद की पीड़ा को भारत अच्छी तरह जानता है। भारत ने आतंकवाद को हमेशा एकता एवं दृढ़ इच्छाशक्ति से जवाब दिया है। उन्होंने कहा कि सकल विश्व को एकजुट होकर आतंकवाद को हराने के लिए आगे आना होगा। आतंक के समर्थकों को विरोध करना भी जरूरी है। उन्होंने कहा कि भारत की एकता और ताकत दूसरों को खटकती रहती है। हमारी इस विविधता को कुछ तत्व हमारी कमजोरी बनाना चाहते हैं। ऐसी ताकतों को पहचानना और उनके सतर्क रहने की आवश्यकता है। बता दें कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी गुजरात में 2 दिवसीय दौर पर हैं। शनिवार को दौरे का आखिरी दिन था।















