उदय भूमि संवाददाता
गाजियाबाद। शहर में रोशनी से जुड़ी समस्याएं अब जल्द ही अतीत का हिस्सा बनने जा रही हैं, क्योंकि नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक के निर्देश पर नगर निगम द्वारा पूरे शहर की प्रकाश व्यवस्था को और अधिक प्रभावशाली एवं सुव्यवस्थित बनाने की दिशा में गंभीर प्रयास किए जा रहे हैं। प्रकाश विभाग द्वारा न केवल मुख्य मार्गों पर बल्कि आंतरिक वार्डों में भी लाइटों की मरम्मत, नई लाइटों की स्थापना और आवश्यकतानुसार नए पोल लगाने का कार्य तेजी से कराया जा रहा है। प्रत्येक दिन विभिन्न वार्डों में लाइटों की जांच और मरम्मत की जा रही है, साथ ही जिन स्थानों पर लाइटों की संख्या या क्षमता अपर्याप्त है, वहां नई लाइटें भी लगाई जा रही हैं। प्राप्त शिकायतों का त्वरित निस्तारण करते हुए यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि लाइटें समय से चालू और बंद हों। मॉनिटरिंग की व्यवस्था को भी सुदृढ़ किया गया है, जिससे रात्रिकालीन समय में शहर के हर कोने में प्रकाश बना रहे और लोगों को असुविधा न हो।
नगर आयुक्त ने बताया कि निगम सीमा के अंतर्गत रूटीन में लाइटों की मरम्मत का कार्य तो चल ही रहा है, लेकिन कई क्षेत्रों में नए पोल लगाकर और नई लाइटें लगाकर बेहतर व्यवस्था की जा रही है। महापौर और जिलाधिकारी से प्राप्त निर्देशों और शिकायतों के आधार पर भी तत्परता से कार्रवाई की जा रही है, जिससे नागरिकों की समस्याओं का समाधान बिना किसी देरी के हो सके। इंदिरापुरम क्षेत्र में भी आगामी दो माह के भीतर प्रकाश व्यवस्था को अत्यधिक उन्नत किया जाएगा। इस दिशा में विस्तृत योजना बनाई जा रही है, जिसमें आधुनिक पोल, आकर्षक डिजाइनिंग वाली लाइटें और नई तकनीक का उपयोग किया जाएगा, जिससे क्षेत्र की सुंदरता और सुरक्षा दोनों में वृद्धि हो।
अपर नगर आयुक्त अरुण कुमार यादव ने बताया कि मोहन नगर से लेकर अप्सरा बॉर्डर तक जिन क्षेत्रों में रोशनी की कमी पाई गई है, वहां पर नए पोल लगाकर लाइटों की संख्या बढ़ाई जा रही है। इस दिशा में 25 नए पोल की मांग की गई है, जिनके लगने का कार्य शुरू हो चुका है। विशेष ध्यान लाजपत नगर साहिबाबाद मुख्य मार्ग से लेकर औद्योगिक क्षेत्र के बाहर तक दिया जा रहा है, जहां 8 मीटर लंबे पोल लगाकर रोशनी की व्यवस्था को दुरुस्त किया जा रहा है। ये प्रयास जिलाधिकारी को प्राप्त लगातार शिकायतों के समाधान के तहत किए जा रहे हैं। नगर निगम का यह प्रयास न केवल शहर को अधिक सुरक्षित और सुंदर बनाएगा, बल्कि गाजियाबाद को स्मार्ट और उज्ज्वल शहरों की श्रेणी में भी आगे लाने में मददगार साबित होगा।

















