गाजियाबाद। जिला एमएमजी अस्पताल में एंटी रेबीज इंजेक्शन का टोटा बन गया है। मंगलवार को कुछ ही मरीजों को इंजेक्शन लगाए जाने के बाद समाप्त हो गए। अब दोबारा इंजेक्शन कब उपलब्ध होंगे अस्पताल प्रबंधन भी पुख्ता जानकारी नहीं दे पा रहा है। लॉकडाउन के बाद स्वास्थ्य सेवाएं भी धीरे-धीरे पटरी पर आ रही है। जिले के दो बड़े सरकारी अस्पतालों में ओपीडी से लेकर इमरजेंसी सेवाएं भी शुरू हो चुकी है। लेकिन जिले में एंटी रेबीज इंजेक्शन समाप्त होने का सिलसिला बदस्तूर जारी है। जिले के दो बड़े अस्पताल समेत विभिन्न स्वास्थ्य केेंद्रों पर एंटी रेबीज इंजेक्शन लगाए जाते है। लेकिन कोरोना महामारी शुरू होने के बाद संजयनगर स्थित संयुक्त अस्पताल में कोविड मरीजों का इलाज किया जा रहा है। जिसके चलते यहां ओपीडी पूर्ण रूप से बंद है। वहीं अन्य स्वास्थ्य केंद्रों पर भी इंजेक्शन लगाने का कार्य बाधित है। अस्पताल सूत्रों की मानें तो जिले के सभी मरीज अब जिला एमएमजी अस्पताल में ही आकर इंजेक्शन लगवा रहे है। ऐसे में यहां प्रतिदिन 150 से अधित लोगों को इंजेक्शन लगाए जा रहे है। कभी-कभी यह आंकड़ा 200 भी पार कर लेता है। जिला एमएमजी अस्पताल में एंटी रेबीज इंजेक्शन समाप्त होने का बड़ा कारण यह भी है कि शासन स्तर से मांग अनुसार वैक्सीन उपलब्ध नहीं कराना भी है। अस्पताल सूत्रों की मानें तो अस्पताल द्वारा 2 हजार वैक्सीन की मांग की जाती है। लेकिन 400 से 500 वायल ही उपलब्ध कराई जाती है। जो दस से बारह दिन में ही समाप्त हो जाती है। वहीं अस्पताल प्रबंधन का कहना है कि शासन से मांग की जा चुकी है। जल्द ही इंजेक्शन उपलब्ध होते ही मरीजों को लगाने का कार्य शुरू कर दिया जाएगा।
















