पुलिस को फोन करने से ना घबराएं: लोकेश सरन

मुख्य अतिथि महिला थाना एसएचओ ने महिलाओं से किया स्वयं को बदलने का आह्वान

महिलाओं व छात्राओं को अपनी आत्म सुरक्षा के लिए होना चाहिए जागरूक

साइबर क्राइम के प्रति भी छात्राओं को जागरूक रहना चाहिए

उदय भूमि ब्यूरो
बरेली। महिलाएं पुलिस को फोन करने में अक्सर संकोच करती हैं। वो समझती हैं कि उनका फोन नंबर पुलिस के पास पहुंच जाएगा। फिर पुलिस उन्हें परेशान करेगी। जिससे उनकी बदनामी होगी। लेकिन यह बिल्कुल गलत है। पुलिस कभी भी शिकायतकर्ता की पहचान उजागर नहीं करती है। और ना ही अनावश्यक तंग करती है। छात्राओं को संबोधित करते हुए यह बात महिला थाना एसएचओ लोकेश सरन ने कही।
एसआरएमएस मेडिकल कालेज में महिला सशक्तिकरण के लिए मिशन शक्ति अभियान जारी है। अभियान के तीसरे दिन जागरूकता कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित लोकेश सरन ने महिलाओं व बच्चों से जुड़े हैल्पलाइन नंबर के प्रति छात्राओं को जागरूक करते हुए कहा कि इन नंबरों का प्रयोग अपने लिए नहीं बल्कि दूसरों के लिए भी कर सकते हैं।

कहा कि इन नंबरों को छात्राएं अपने मोबाइल फोन में सेव रखें। इनमें महिला हैल्प लाइन नंबर 181, वूमेन पावर लाइन 1090, पुलिस आपातकालीन सेवा 112 और चाइलड हैल्प लाइन नंबर 1098 मुख्य हैं। आगे कहा कि महिलाओं को अपनी सुरक्षा को लेकर जागरूक होना चाहिए। आम प्रयोग में आने वाली कुछ वस्तुएं जैसे पेन, स्कूटी की चाबी, हाई हील सैंडल को आत्म रक्षा में उपयोग किया जा सकता है। किसी परेशानी में फंसने पर अराजक तत्व पर हमला करने से बिल्कुल ना घबराएं, पूरी ताकत से हमला बोले। इसके अलावा छात्राओं और महिलाओं को साइबर क्राइम के प्रति भी जागरूक रहना चाहिए। क्योंकि साइबर क्राइम को ट्रेस करना आसान नहीं है। जागरूकता से ही इससे बचा जा सकता है। अगर उनके साथ कोई साइबर क्राइम होता है तो समय रहते पुलिस को सूचना दें। इसके लिए पुलिस लाइन में साइबर क्राइम थाने की स्थापना हो चुकी है। वहां पर जाकर भी अपनी शिकायत दर्ज करा सकती हैं। इस दौरान बरेली कालेज की पहली चीफ प्राक्टर डा.वंदना शर्मा, मिशन शक्ति कार्यक्रम की चीफ को-आरडिनेटर बिंदु गर्ग, डा. प्रबल जोशी, डा. हुमा खान, डा. सुजाता सिंह, डा. मिलन जायसवाल मौजूद रहीं। कार्यक्रम का संचालन छात्रा तान्या सक्सेना ने किया।