आयुध निर्माणी कर्मियों ने क्षेत्रीय विधायक को सौंपा पत्र

मुरादनगर। आयुध निर्माणियों के निगमीकरण के विरोध मे कामगार संघ ने विधायक अजीत पाल त्यागी से संघर्ष मे साथ खड़े होने का किया। आयुध निर्माणियों के निगमीकरण के विरोध में देश के 80 हजार से अधिक कर्मचारी आक्रोशित हैं। आयुध निर्माणियों के निगमीकरण के विरोध में भारतीय जनता पार्टी के क्षेत्रीय विधायक अजीतपाल त्यागी को ए आयुध निर्माणी कामगार संघ के महासचिव व वरिष्ठ मजदूर नेता अनिल कौशिक ने पत्र लिखकर कर्मचारियों के संघर्ष में साथ खड़े होने का अनुरोध किया।
पत्र में अपने पक्ष में दलील देते हुए कहा गया है कि इन आयुध निर्माणियों ने अभी तक कि सारी लड़ाइयों में सेनाओं के लिए महत्वपूर्ण योगदान दिया है। चाहे वह 1962, 1965, 1971 का युद्ध हो या कारगिल युद्ध। सभी युद्धों में आयुध निर्माणियों ने सेनाओं को अस्त्र, शस्त्र, गोलाबारूद की आपूर्ति की है। सभी लड़ाइयों के बाद तत्कालीन प्रधानमंत्रियों व सेनाध्यक्षों ने आयुध निर्माणियों को प्रशंसा पत्र भी दिया। आयुध निर्माणियों की स्थापना वार रिजर्व के लिए किया गया था। व्यवसाय के लिए नहीं आयुध निर्माणियों के निगमीकरण का निर्णय नाहीं कर्मचारी हित में है न हीं राष्ट्र हित में है। कर्मचारियों में इस बात को भी लेकर रोष है कि उन्हें सरकारी सेवाशर्तों में भर्ती किया। लेकिन अब उनकी मर्जी के बिना उनका स्टेटस बदलने का प्रयास किया जा रहा है। कामगार संघ के प्रतिनिधिमंडल ने विधायक अजीतपाल त्यागी से मुलाकात कर अपना ज्ञापन सौंपा। जिसको संज्ञान लेते हुये उन्होंने रक्षा मंत्री पत्र लिख मजदूरों की बात पहुंचाने की बात कहीं। उन्होंने कहा कि जनता की समस्याओं में हमेशा उनके साथ हैं।   कामगार संघ के प्रतिनिधिमंडल में कुलदीप शर्मा जेसीएम सदस्य, वीरेंद्रपाल सिंह श्रमिक नेता, शिवनाथ यादव, संयुक्त सचिव व सदस्य कार्यसमिति व पंकज वशिष्ठ शामिल हुए।