नववर्ष के पहले दिन वेस्ट प्लास्टिक से 3 मुख्य चौराहों को निगम ने संवारा

नगर निगम शहर को दे रहा नए-नए अट्रैक्शंस एवं आकर्षण

शहर को स्वच्छ एवं सुंदर बनाने में दें अपना योगदान

गाजियाबाद। अगर हम थोड़ी-सी कोशिश करें तो बेकार चीजों का बेहतर तरीके से निस्तारण कर सकते हैं और पर्यावरण में अहम योगदान दे सकते हैं। इसके चलते गाजियाबाद नगर निगम द्वारा भी एक अभियान जनपद में चल रहा है। इस अभियान के जरिये नगर निगम शहर को प्लास्टिक मुक्त बनाने के साथ पर्यावरण में भी अपना अहम योगदान दे रहा है। प्लास्टिक आज पर्यावरण के प्रदूषण के लिए सबसे प्रमुख जिम्मेदार है। जनपद में प्लास्टिक से निपटने के लिए कुछ अनूठी पहल काम आ रही है। यहां वेस्ट प्लास्टिक से नगर निगम शहर को संजाने एवं संवारने में जुटा हुआ है। शहर की खूबसूरती बढ़ाने के लिए नगर निगम हरसंभव प्रयास कर रहा है।

इसके मद्देनजर नए-नए अट्रैक्शंस (आकर्षण) दिए जा रहे हैं। मेयर आशा शर्मा व म्युनिसिपल कमिश्रर महेंद्र सिंह तंवर द्वारा पार्षदों के साथ मिलकर शहर को सुंदर बनाने के लिए नई-नई योजनाएं बनाई जा रही हैं। इसी क्रम में मुख्य चौराहों पर एलईडी लाइट और गाजियाबाद नगर निगम के लोगो को लगाया गया है। जिसमें नगर निगम वेस्ट प्लास्टिक का प्रयोग कर रहा है। मुख्य चौराहों पर लगे स्लोग्न शहर की शान बढा रहे है। मेयर एवं म्युनिसिपल कमिश्रर के इन प्रयासों की चहुं ओर सराहना की जा रही हैं। इसी क्रम कालका गढ़ी चौक, चौधरी मोड़ एवं आरडीसी मोड़ पर वेस्ट प्लास्टिक के इस्तेमाल से नगर निगम ने आकर्षक डिजाइन में स्लोगन लगाए है। म्युनिसिपल कमिश्रर महेंद्र सिंह तंवर ने बताया कि दिसंबर महीने में ही शहर को सुंदर और आकर्षक बनाने की दिशा में प्रयास शुरू कर दिया गया था। इस क्रम में दिल्ली यूपी बार्डर के साथ प्रमुख चौराहों को सजाने एवं संवारने का काम शुरू कर दिया गया है।

कालका गढ़ी चौक पर आई लव गाजियाबाद, चौधरी मोड़ पर माई प्राइड गाजियाबाद तथा आरडीसी मोड़ पर गाजियाबाद नगर निगम का लोगो सहित आरडीसी लिखा गया है। नववर्ष की शुरूआत के साथ शहरवासियों को नगर निगम की ओर से यह तोहफा दिया गया है। इन स्थानों को आकर्षक बनाने के लिए एलईडी लाइट तथा वेस्ट प्लास्टिक का इस्तेमाल किया गया। आने वाले दिनों में इस दिशा में और भी तेजी से किया जाएगा। म्युनिसिपल कमिश्रर ने कहा अपने शहर को स्वच्छ एवं सुंदर बनाने में अपना योगदान दें। इसके लिए सार्वजनिक स्थलों, खाली प्लाटों और इधर-उधर कचरा ना फेंकें। कचरे को हमेशा नगर निगम की गाडिय़ों या डस्टबिन में ही डालें। उन्होंने कहा कि शहर को स्वच्छ और सुंदर बनाने के लिए नगर निगम के सफाई कर्मचारी प्रतिदिन सफाई कार्य कर रहे हैं, लेकिन इसमें नागरिकों का सहयोग बहुत ही जरूरी है। जिस प्रकार हम अपने घर की सफाई का ध्यान रखते हैं, उसी प्रकार अपने आसपास के क्षेत्र की सफाई का भी ध्यान हमें रखना होगा। अगर कोई व्यक्ति इधर-उधर कचरा डालता है, तो उसे ऐसा करने से रोकें क्योंकि स्वच्छता के इस मिशन में सामाजिक भागीदारी एवं दबाव का होना आवश्यक है।