-जिला आबकारी अधिकारी की अगुवाई में कच्ची शराब के अड्डों पर ताबड़तोड़ छापेमारी, भट्टियां ध्वस्त
-सीमा सील जैसी निगरानी: बाहरी राज्यों से तस्करी रोकने को 24 घंटे सघन चेकिंग
-टेस्ट परचेजिंग व औचक निरीक्षण से लाइसेंसी दुकानों पर जवाबदेही और पारदर्शिता
उदय भूमि संवाददाता
रामपुर। होली के त्योहार को सुरक्षित और नशामुक्त बनाने के उद्देश्य से जिला आबकारी विभाग ने अवैध शराब के खिलाफ व्यापक अभियान छेड़ दिया है। जिला आबकारी अधिकारी हिम्मत सिंह के नेतृत्व में विभाग की टीमें युद्ध स्तर पर कार्रवाई करते हुए अवैध शराब माफियाओं के नेटवर्क को ध्वस्त करने में जुटी हैं। विभाग द्वारा इस विशेष अभियान को ‘ऑपरेशन स्वच्छ मदिरा’ के रूप में मिशन मोड में चलाया जा रहा है, जिसका उद्देश्य अवैध शराब के कारोबार को जड़ से समाप्त करना और आमजन की सुरक्षा सुनिश्चित करना है। होली से पहले अवैध शराब के सेवन से होने वाली दुर्घटनाओं और जनहानि को रोकने के लिए आबकारी विभाग ने निगरानी तंत्र को मजबूत कर दिया है। अवैध शराब के अड्डों की पहचान कर उन्हें ध्वस्त किया जा रहा है, वहीं बाहरी राज्यों से होने वाली शराब तस्करी को रोकने के लिए सीमावर्ती मार्गों पर 24 घंटे निगरानी और वाहनों की सघन चेकिंग की जा रही है।
जिला आबकारी अधिकारी हिम्मत सिंह की कार्यशैली इस अभियान की सफलता में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है। उन्होंने विभागीय टीमों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि अवैध शराब के कारोबार के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति अपनाई जाए। सरकारी जिम्मेदारियों के साथ-साथ जमीनी स्तर पर सक्रिय रहकर वे अभियान की लगातार निगरानी कर रहे हैं। नई आबकारी नीति लागू होने के बाद विभागीय जिम्मेदारियां बढ़ी हैं, लेकिन इसके बावजूद टीम पूरी तत्परता से कार्य कर रही है। गुरुवार को आबकारी निरीक्षक अरविंद कुमार मिश्रा, प्रफुल्ल कुमार सिंह, संजय कुमार और अनुपम सिंह की संयुक्त टीम ने मुखबिर की सूचना पर तहसील बिलासपुर क्षेत्र के ग्राम वेदपुर के जंगल में दबिश दी। टीम को मौके पर लहन, कच्ची शराब बनाने के उपकरण तथा अवैध शराब की भट्टी मिली, जिन्हें तुरंत नष्ट कर दिया गया। जंगल और नदी किनारे चल रहे इस अवैध कारोबार पर की गई कार्रवाई से शराब माफियाओं में हड़कंप मच गया।
इसके साथ ही आबकारी निरीक्षक नंदिनी यादव और राम आधार पाल की टीम ने सड़क चेकिंग अभियान चलाते हुए संदिग्ध वाहनों की तलाशी ली। टीम ने लाइसेंसी शराब दुकानों का औचक निरीक्षण भी किया। निरीक्षण के दौरान दुकानों में लगे सीसीटीवी कैमरों की कार्यशीलता, स्टॉक रजिस्टर का सत्यापन, साफ-सफाई की व्यवस्था तथा बिक्री प्रक्रिया का निरीक्षण किया गया। दुकानों पर शराब खरीदने आए ग्राहकों से विक्रेताओं के व्यवहार और कार्यशैली के बारे में भी जानकारी ली गई। अवैध शराब के खिलाफ इस व्यापक अभियान के तहत विभाग गुप्त टेस्ट परचेजिंग भी कर रहा है, ताकि लाइसेंसी दुकानों पर नियमों के उल्लंघन की जांच की जा सके। विभाग का मानना है कि अवैध शराब पर रोक लगाने के साथ-साथ वैध बिक्री प्रणाली में पारदर्शिता सुनिश्चित करना भी उतना ही आवश्यक है।
जिला आबकारी अधिकारी हिम्मत सिंह ने बताया कि त्योहारों के दौरान अवैध शराब का कारोबार बढऩे की आशंका रहती है, इसलिए विभाग ने विशेष सतर्कता बरतते हुए निगरानी बढ़ा दी है। उन्होंने कहा कि अवैध शराब बनाने, बेचने या तस्करी में शामिल व्यक्तियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने आम नागरिकों से भी अपील की कि वे अवैध शराब की सूचना तुरंत विभाग को दें, ताकि समय रहते कार्रवाई की जा सके। आबकारी विभाग का यह मिशन न केवल कानून व्यवस्था को मजबूत कर रहा है, बल्कि जनस्वास्थ्य की सुरक्षा की दिशा में भी महत्वपूर्ण कदम साबित हो रहा है। होली के मद्देनजर चलाया जा रहा यह अभियान जिले में सुरक्षित और स्वस्थ उत्सव सुनिश्चित करने की दिशा में एक मजबूत पहल माना जा रहा है।

















