-सिल्वर लाइन प्रेस्टीज स्कूल की भव्य रैली में तिरंगे की शान, नारों की गूंज और देशभक्ति का सैलाब
उदय भूमि संवाददाता
गाजियाबाद। आजादी का अमृत महोत्सव अभियान के अंतर्गत हर घर तिरंगा को जन-जन तक पहुँचाने के लिए बुधवार को सिल्वर लाइन प्रेस्टिज स्कूल, बुलंदशहर रोड इंडस्ट्रियल एरिया ने एक ऐसा ऐतिहासिक और भव्य आयोजन किया, जिसने पूरे शहर को देशभक्ति की उमंग से भर दिया। सैकड़ों छात्र-छात्राएं, शिक्षक और कर्मचारी पारंपरिक व देशभक्ति के रंगों में सजे, हाथों में तिरंगा थामे जब कदमताल करते हुए सड़कों पर उतरे, तो हर राहगीर इस दृश्य को देखकर गर्व से भर उठा। रैली की शुरुआत से लेकर समापन तक भारत माता की जय और वंदे मातरम के गगनभेदी नारे पूरे क्षेत्र में गूंजते रहे। बच्चों की स्वरलहरियों और कदमताल ने माहौल को इस कदर जीवंत कर दिया कि रास्ते में खड़े लोग भी स्वत: इसमें शामिल हो गए। तिरंगे की लहराती कतारों के बीच, पूरा मार्ग मानो राष्ट्रप्रेम की लहरों में डूब गया हो। रैली के दौरान स्कूल के छात्रों और शिक्षकों ने स्थानीय निवासियों को भारतीय राष्ट्रध्वज भेंट किए और उनसे आग्रह किया कि वे 15 अगस्त को अपने घरों पर तिरंगा अवश्य फहराएं। इस अपील का लोगों ने खुले दिल से स्वागत किया और वचन दिया कि वे इस अभियान में पूरे उत्साह के साथ भाग लेंगे।
इस रैली का मकसद केवल तिरंगे के महत्व को बताना ही नहीं था, बल्कि स्वतंत्रता संग्राम के उन अमर शहीदों को नमन करना भी था, जिन्होंने देश की आज़ादी के लिए अपने प्राण न्यौछावर किए। बच्चों ने तिरंगे की शपथ लेते हुए वादा किया कि वे देश की गरिमा, एकता और अखंडता की रक्षा के लिए हमेशा तैयार रहेंगे। सिल्वर लाइन प्रेस्टिज स्कूल के चेयरमैन सुभाष जैन ने कहा कि हर घर तिरंगा केवल एक सरकारी अभियान नहीं, बल्कि यह हमारी राष्ट्रीय अस्मिता, एकता और स्वतंत्रता सेनानियों के बलिदान का जीवंत प्रतीक है।
हम चाहते हैं कि हमारे विद्यार्थी तिरंगे की पवित्रता को समझें और जीवनभर उसकी शान बनाए रखें। रैली का समापन स्कूल प्रांगण में हुआ, जहां छात्रों ने जोश से भरे देशभक्ति गीतों की प्रस्तुति दी। गीतों की गूंज ने वहां मौजूद हर शख्स के दिल में गर्व और समर्पण की भावना को और प्रबल कर दिया। इस अवसर पर शिक्षकों ने बच्चों को तिरंगे के इतिहास, उसकी पवित्रता और तीनों रंगों के महत्व के बारे में विस्तार से बताया, ताकि यह संदेश उनकी स्मृतियों में हमेशा जीवित रहे। गाजियाबाद की इस तिरंगा रैली ने साबित कर दिया कि जब नन्हे कदम तिरंगे के सम्मान के लिए उठते हैं, तो उनका प्रभाव पूरे समाज में गूंजता है और हर दिल में देशप्रेम की लौ प्रज्वलित हो जाती है।
रैली की खास बातें
• सैकड़ों छात्र-छात्राएं व शिक्षक देशभक्ति के परिधानों में सजे।
• पूरे मार्ग में तिरंगे की लहरों और नारों की गूंज से माहौल देशभक्ति में डूबा रहा।
• स्थानीय लोगों को राष्ट्रध्वज का वितरण और अभियान में जुडऩे की अपील।
• स्वतंत्रता सेनानियों को भावपूर्ण श्रद्धांजलि और तिरंगे की शपथ।


















