मोदीनगर में जीडीए का बुलडोजर एक्शन, 78 हजार वर्गमीटर में बसी चार अवैध कॉलोनियां ध्वस्त

-सीकरी खुर्द और हापुड़ रोड क्षेत्र में चल रहा था अवैध प्लॉटिंग का खेल, इंटरलॉकिंग सड़क और साइट ऑफिस तोड़े
-जीडीए टीम को नहीं दिखाए गए स्वीकृत मानचित्र और स्वामित्व दस्तावेज, पुलिस बल की मौजूदगी में कार्रवाई

उदय भूमि संवाददाता
गाजियाबाद। गाजियाबाद विकास प्राधिकरण (जीडीए) ने अवैध कॉलोनियों के खिलाफ सख्त रुख अपनाते हुए शुक्रवार को मोदीनगर क्षेत्र में बड़ी कार्रवाई की। जीडीए प्रवर्तन जोन-2 की टीम ने करीब 78 हजार वर्गमीटर क्षेत्रफल में विकसित की जा रही चार अवैध कॉलोनियों पर बुलडोजर चलाकर उन्हें ध्वस्त कर दिया। इस दौरान कॉलोनाइजरों द्वारा बनाए गए इंटरलॉकिंग सड़क, भूखंडों की बाउंड्रीवॉल और साइट ऑफिस को भी तोड़ दिया गया। जीडीए उपाध्यक्ष नंद किशोर कलाल ने स्पष्ट कहा है कि प्राधिकरण क्षेत्र में अवैध कॉलोनी और अवैध निर्माण किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किए जाएंगे। उन्होंने सभी आठ जोन के प्रभारियों को ऐसे मामलों में कड़ी कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। इसी क्रम में शुक्रवार को जीडीए प्रवर्तन जोन-2 के प्रभारी एवं ओएसडी राजीव रतन सिंह के नेतृत्व में सहायक अभियंता अनिल कुमार, अवर अभियंता राजन सिंह और अवर अभियंता मनोज सिंह की टीम ने जीडीए पुलिस बल और मोदीनगर थाना पुलिस की मौजूदगी में कार्रवाई की।

कार्रवाई के दौरान मोदीनगर क्षेत्र के सीकरी खुर्द माता मंदिर रोड स्थित खसरा संख्या-642 पर लगभग 28 हजार वर्गमीटर भूमि पर सोहनवीर सिंह, बलदेव सिंह, मनीष कुमार पुत्रगण विपत्ति सिंह, टेकराम पुत्र रामबल, जुगतू सिंह पुत्र नेकीराम और राजेन्द्र पुत्र रामपाल द्वारा अवैध कॉलोनी विकसित की जा रही थी। इसके अलावा हापुड़ रोड मोदीनगर के खसरा संख्या-442 और 492 पर कुलदीप पुत्र जयराज और अशोक पुत्र सत्यपाल द्वारा लगभग 25 हजार वर्गमीटर क्षेत्र में प्लॉटिंग की जा रही थी। वहीं ग्राम बिसोखर मोदीनगर के खसरा संख्या-335/2 सहित अन्य भूमि पर राजेन्द्र सिंह पुत्र नाहर सिंह, अनिरुद्ध कुमार और नितिन चौधरी पुत्रगण स्वर्गीय सतेंद्रपाल सिंह, सविता देवी पत्नी स्वर्गीय सतेंद्रपाल सिंह, चंद्रवीर पुत्र सरदार समेत अन्य व्यक्तियों द्वारा लगभग 17 हजार वर्गमीटर क्षेत्र में अवैध कॉलोनी काटी जा रही थी।

इसके अतिरिक्त सीकरी खुर्द माता मंदिर रोड के खसरा संख्या-639 पर मंजीत सिंह, संजय पुत्रगण जयपाल और राजीव चौधरी द्वारा करीब 6700 वर्गमीटर क्षेत्र में अवैध प्लॉटिंग का कार्य चल रहा था। जीडीए टीम ने मौके पर जांच के दौरान संबंधित लोगों से स्वीकृत मानचित्र और स्वामित्व से जुड़े दस्तावेज मांगे, लेकिन कोई वैध अनुमति प्रस्तुत नहीं की जा सकी। इसके बाद प्रवर्तन टीम ने बुलडोजर चलाकर चारों अवैध कॉलोनियों में बनाई गई इंटरलॉकिंग सड़क, भूखंडों की बाउंड्रीवॉल, साइट ऑफिस तथा अन्य निर्माण को ध्वस्त कर दिया। ध्वस्तीकरण की कार्रवाई के दौरान कॉलोनाइजर और निर्माणकर्ताओं ने विरोध भी किया, लेकिन मौके पर मौजूद जीडीए पुलिस बल और स्थानीय पुलिस ने उन्हें नियंत्रित कर स्थिति को संभाला। इसके बाद कार्रवाई पूरी की गई। जीडीए अधिकारियों ने चेतावनी दी है कि भविष्य में भी अवैध कॉलोनियों और अवैध निर्माण के खिलाफ इसी तरह सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।