-चोरी की तीन कार बरामद, दिल्ली, एनसीआर में मचा रखा था आंतक
गाजियाबाद। दिल्ली, एनसीआर व आसपास के जनपदों में वाहन चोरी की वारदात को अंजाम देने वाले अंतर्राज्जीय गिरोह के सरगना इरफान गैंग के सदस्य को क्राईम ब्रांच की टीम ने गिरफ्तार किया है। जिसके कब्जे से चोरी की तीन कार बरामद किया गया। वहीं गिरोह का एक साथी भीड़ का फायदा उठाकर भागने में कामयाब रहा। पकड़ा गया आरोपी शातिर किस्म का है, जो कि पिछले करीब ढाई सालों से लगातार वाहन चोरी की वारदात को अंजाम देकर सैकड़ों कार चोरी कर चुका है। गिरोह के सरगना इरफान समेत 7 लोग पूर्व मे जेल जा चुके है। इरफान के जेल जाने के बाद पकड़ा गया आरोपी गिरोह को चलाने लगा।
गुरुवार को घटना का खुलासा करते हुए सीओ प्रथम/क्राईम अंशु जैन ने बताया कि बुधवार रात मुखबिर से सूचना मिली की वाहन चोरी की वारदात को अंजाम देने वाले आरोपी स्विफ्ट डिजायर कार से एनएच-9 से विजय नगर जल निगम की ओर आने वाले है। सूचना पर कार्रवाई करते हुए तत्काल क्राईम ब्रांच प्रभारी अब्दुर रहमान सिद्दीकी, इंस्पेक्टर अरुण कुमार मिश्रा, एसआई सत्यवीर सिंह, अरुण वर्मा की टीम गठित कर आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगाया गया। तभी स्विफ्ट कार को टीम ने रुकने का इशारा किया तो गाड़ी छोड़कर भागने लगे। टीम ने योगेश उर्फ राजू पुत्र खड़क बहादुर सिंह निवासी संजय नगर रानीपुर हरिद्वार को गिरफ्तार कर लिया। वहीं आरोपी का साथी सरताज पुत्र यासनीन निवासी मेरठ दशहरा की भीड़ का फायदा उठाकर फरार हो गया। आरोपियों की निशानदेही पर चोरी स्विफ्ट डिजायर कार समेत दो अन्य कार स्विफ्ट कार को विजय नगर चांदमारी मैदान में छिपा रखी थी। जिसे बरामद कर लिया गया।
सीओ क्राईम ने बताया पकड़ा गया आरोपी इरफान गैंग का सदस्य है, जो कि पूर्व में अपने साथियों के साथ जेल में बंद है। आरोपी दिल्ली, एनसीआर समेत आसपास के जनपदों में चार पहिया वाहन चोरी की वारदात को अंजाम देते थे। वाहन चोरी कर उसे कुछ समय के लिए छिपा देते थे। जैसे ही मामला ठंडा हो जाता तो फरार आरोपी सरताज गाड़ी का इंजन व चेसिस नंबर बदलकर फर्जी कागजात तैयार कर उसे ऑन लाईन साईट या फिर दुसरे क्षेत्र में ले जाकर बेच देते थे। आरोपी रात भी चोरी की कार का नंबर प्लेट बदल कर वाहन चोरी की वारदात को अंजाम देने की फिराक में घूम रहे थे। आरोपी पिछले करीब ढाई सालों से वाहन चोरी कर रहे है, जो कि सैकड़ो वाहन चोरी की वारदात को अंजाम दे चुके है। फरार साथी की गिरफ्तारी के लिए पुलिस प्रयास कर रही है।
क्राईम ब्रांच प्रभारी अब्दुर रहमान सिद्दीकी ने बताया पकड़ा गया आरोपी योगेश उर्फ राजू शातिर किस्म का है। जो कि वाहन चोरी के दौरान पहचान छिपाने के लिए गाड़ी का नंबर प्लेट बदल कर फर्जी नंबर प्लेट लगाकर पहले से तयशुदा स्थान पर एकत्रित हो जाते थे। पुलिस आरोपियों को ट्रेस न कर सकें, इसके लिए मोबाइल फोन को फ्लाइट मोड़ पर डाल देते थे। फरार आरोपी सरताज गाडिय़ों के कागजात, इंजन व चेसिंस नंबर बदलने का काम करता था। आरोपी इतने शातिर है कि कबाड़ पड़ी गाडिय़ों को सस्ते दामों में खरीदते थे, फिर उस कार का इंजन और चेसिस को चुराई हुई गाडिय़ों का लगाकर उसका नंबर बदलते थे। जिससे पुलिस उन्हें पकड़ न सकें। गिरोह का सरगना इरफान और उसके 6 साथियों को पूर्व में गिरफ्तार कर जेल भेजा चुका है।
















