नगर निगम की बढ़ेगी आमदनी 1702 निगम की दुकानों का बढ़ेगा किराया

उदय भूमि ब्यूरो
गाजियाबाद। नगर निगम की आदमनी बढ़ाने के लिए 1702 निगम की दुकानों का किराया बढ़ाने की योजना को नये सिरे से अमलीजामा पहनाया जाएगा। दुकानों का किराया बढ़ाने को लेकर मंगलवार को नगर निगम मुख्यालय में किराया निर्धारण कमेटी की बैठक हुई। बैठक में मेयर सुनीता दयाल, नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक, इंजीनियर एनके चौधरी, सीटीओ डॉ0 संजीव सिन्हा, उद्यान प्रभारी डॉ. अनुज सिंह, कार्यकारिणी उपाध्यक्ष राजीव शर्मा, पार्षद वीरेन्द्र त्यागी सहित अन्य पार्षद शामिल हुए। बैठक में यह चर्चा हुई कि शहर में नगर निगम की 1702 दुकानों का किराया मार्केट रेट के हिसाब से तय किया जाएगा। निगम की दुकानें जहां-जहां स्थित हैं, वहां की आसपास क्षेत्र में मार्केट की स्थिति का आकलन करने के बाद ही किराया तय होगा।

ज्ञात हो कि पूर्व में डीएम सर्किल रेट पर दुकानों का किराया तय करने का मुद्दा उठा था, लेकिन विरोध के चलते उक्त प्रस्ताव को टालते हुए नई योजना तैयार की गई है। इससे दुकानदारों को राहत मिलेगी। शासन के निर्देश पर मंगलवार को नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक व महापौर सुनीता दयाल ने संयुक्त रूप से प्रेस वार्ता कर यह जानकारी दी। वर्ष 2021 में डीएम सर्किल रेट के हिसाब से किराये बढ़ाने का निर्णय हुआ था। सर्किल रेट के हिसाब से 10 प्रतिशत की बढ़ोतरी का प्रस्ताव सदन की बैठक में रखा गया, लेकिन विरोध के चलते मामले में शासन से निर्देश मांगे गए। जनहित में निर्णय लिया गया कि हर क्षेत्र में दुकानों पर लोगों को आवागमन एक समान नहीं होता है।

इसीलिए निगम की दुकानों का पूरा सर्वे कराया जाएगा, कहां कितना लोगों को आवागमन है व कितनी बिक्री है। इस दौरान यह भी पता लगाया जाएगा कि मूल आवंटी ही दुकान चला रहा है या उसने दुकान किराये पर दे रखी है। मेयर सुनीता दयाल ने बताया कि शासन ने निदेर्शानुसार, मार्केट रेट के हिसाब से ही किराया तय किया जाएगा। नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक ने बताया कि मार्केट रेट के हिसाब से किराये में बढ़ोतरी की सूची जल्द तैयार की जाएगी। एक हफ्ते में किराया सूची जारी कर दी जाएगी। किराया बढ़ने से निगम का राजस्व भी बढ़ेगा। ऐसा होने से सालों से निगम की दुकानों का किराया बढ़ाने को लेकर चल रहा विवाद समाप्त हो जाएगा।