-धूल-मुक्त सड़कें और स्वच्छ पार्क ही अब गाजियाबाद की पहचान
-शिकायत का तुरंत निस्तारण, जनता से सीधा संवाद और विभागीय कार्रवाई के सख्त आदेश
उदय भूमि संवाददाता
गाजियाबाद। नगर निगम मुख्यालय में मंगलवार को नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक की अध्यक्षता में स्वास्थ्य, उद्यान और निर्माण विभाग की संयुक्त समीक्षा बैठक आयोजित हुई। बैठक में नगर आयुक्त ने अधिकारियों को सख्त लहजे में चेतावनी दी कि जन समस्याओं के समाधान में ढिलाई कतई स्वीकार नहीं होगी। उन्होंने स्पष्ट कर दिया कि शहरवासियों की शिकायतें समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण तरीके से निस्तारित हों।
नगर आयुक्त ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि जब भी किसी समस्या का निस्तारण किया जाए तो शिकायतकर्ता से स्वयं संपर्क कर जानकारी दी जाए। इससे जनता का विश्वास बढ़ेगा और पारदर्शिता बनी रहेगी। उन्होंने कहा कि हर शिकायत के समाधान की रिपोर्ट बिफोर-आफ्टर फोटो सहित प्रस्तुत की जाए, ताकि कार्य का ठोस प्रमाण उपलब्ध हो। बैठक में साफ आदेश दिए गए कि नालों की सफाई से निकली सिल्ट, झाड़ू से एकत्रित कचरा और पेड़ों की कटिंग का वेस्ट सड़क पर पड़ा न रहने पाए। इन्हें तुरंत उठाकर निस्तारित किया जाए।
नगर आयुक्त ने चेतावनी दी कि इस मामले में जरा भी लापरवाही मिलने पर संबंधित विभागीय अधिकारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। निर्माण विभाग को निर्देशित किया गया कि शहर की सभी सड़कों पर जहां भी गड्ढे दिखें, उन्हें तुरंत भरा जाए। आयुक्त ने कहा कि गाजियाबाद की सड़कों को गड्ढा मुक्त बनाना प्राथमिक जिम्मेदारी है। बैठक में इंदिरापुरम क्षेत्र की सफाई, ग्रीन बेल्ट और सेंट्रल वर्ज की व्यवस्था की विशेष समीक्षा की गई। नगर आयुक्त ने ग्रीन बेल्ट की देखभाल और पार्कों की साफ-सफाई को प्राथमिकता देने को कहा। नगर आयुक्त ने कहा कि 311 एप और आईजीआरएस से आने वाली सभी शिकायतों का निस्तारण तय समय सीमा में किया जाए।
पेंडेंसी को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि शिकायत आने के उसी दिन उसका समाधान अनिवार्य है। आयुक्त ने जोर दिया कि सभी वार्डों में नियमित सफाई व्यवस्था लागू हो। समय पर कूड़ा और सिल्ट का उठान, ग्रीन बेल्ट और पार्कों की नियमित देखरेख हको सुनिश्चित किया जाए। बैठक के अंत में नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक ने दो टूक कहा कि जो भी अधिकारी या कर्मचारी लापरवाही करेगा, उस पर सख्त विभागीय कार्रवाई होगी। उन्होंने कहा कि संसाधनों का बेहतर उपयोग करते हुए शहर को स्वच्छ, सुंदर और आधुनिक स्वरूप देने की दिशा में ठोस कदम उठाए जाएं।

















