यमुना प्राधिकरण क्षेत्र में विकसित होंगी जापानी और सिंगापुर सिटी, क्षेत्र बनेगा वैश्विक निवेश और स्मार्ट शहरी विकास का केंद्र

  • नोएडा एयरपोर्ट और यमुना एक्सप्रेसवे की बेहतर कनेक्टिविटी के साथ 500-500 एकड़ में विकसित होने वाली दोनों परियोजनाओं से रोजगार और निवेश के नए अवसर सृजित होंगे; प्रतिनिधिमंडल निमराना मॉडल का अध्ययन करेगा

उदय भूमि संवाददाता

ग्रेटर नोएडा। यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण (यीडा) क्षेत्र में अंतरराष्ट्रीय स्तर के दो बड़े औद्योगिक प्रोजेक्ट विकसित किए जाने की तैयारी है। प्राधिकरण क्षेत्र में जापानी सिटी और सिंगापुर सिटी विकसित की जाएंगी। इसके लिए जापानी सिटी को सेक्टर-5ए और सिंगापुर सिटी को सेक्टर-28 में विकसित करने का निर्णय लिया गया है। दोनों ही शहरों के लिए 500-500 एकड़ जमीन आवंटित की जाएगी।

नोएडा एयरपोर्ट, यमुना एक्सप्रेसवे और बेहतर कनेक्टिविटी के कारण यह क्षेत्र विदेशी निवेशकों के लिए बेहद आकर्षक है। जापानी और सिंगापुर सिटी के विकसित होने से यमुना प्राधिकरण क्षेत्र को एक नई पहचान मिलेगी और यह उत्तर भारत के प्रमुख वैश्विक निवेश केंद्र के रूप में उभरेगा। जापानी सिटी और सिंगापुर सिटी परियोजनाओं का उद्देश्य यमुना प्राधिकरण क्षेत्र को वैश्विक निवेश और आधुनिक शहरी विकास का केंद्र बनाना है। यहां अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप आवासीय, औद्योगिक, व्यावसायिक और सामाजिक आधारभूत ढांचे का विकास किया जाएगा। इससे न केवल विदेशी निवेश को बढ़ावा मिलेगा, बल्कि स्थानीय स्तर पर रोजगार के नए अवसर भी सृजित होंगे। वहीं, सिंगापुर सिटी को सिंगापुर के सुव्यवस्थित शहरी मॉडल पर विकसित करने की योजना है। इन योजनाओं को धरातल पर उतारने के लिए यमुना प्राधिकरण गंभीरता से काम कर रहा है। यमुना प्राधिकरण के सीईओ राकेश कुमार सिंह की अगुवाई में एक प्रतिनिधिमंडल 22 दिसंबर को राजस्थान के निमराना का दौरा करेगा।

निमराना में पहले से विकसित जापानी सिटी को देश में जापानी औद्योगिक और शहरी विकास का सफल मॉडल माना जाता है। प्रतिनिधिमंडल वहां की योजना, इंफ्रास्ट्रक्चर, निवेश मॉडल और संचालन व्यवस्था का अध्ययन करेगा। प्राधिकरण का उद्देश्य है कि निमराना जापानी सिटी के सफल मॉडल को यमुना प्राधिकरण क्षेत्र में लागू किया जाए, ताकि यहां भी उसी तरह का संगठित और अंतरराष्ट्रीय स्तर का विकास हो सके।

यीडा क्षेत्र में जापानी और सिंगापुर सिटी के विकास का मुख्य उद्देश्य इसे वैश्विक निवेश और आधुनिक शहरी विकास का केंद्र बनाना है। दोनों परियोजनाओं में अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप औद्योगिक, आवासीय, व्यावसायिक और सामाजिक आधारभूत संरचना विकसित की जाएगी। 22 दिसंबर को प्रतिनिधिमंडल राजस्थान के निमराना का दौरा करेगा, जहां पहले से विकसित जापानी सिटी का अध्ययन कर यमुना प्राधिकरण क्षेत्र में उसी सफल मॉडल को लागू किया जाएगा। इस पहल से न केवल निवेश बढ़ेगा, बल्कि स्थानीय रोजगार के अवसर भी सृजित होंगे और क्षेत्र की शहरी विकास प्रक्रिया और व्यवस्थित होगी।

राकेश कुमार सिंह
सीईओ, यमुना प्राधिकरण