गाजियाबाद। कांवड़ यात्रा के मद्देनजर एवं कांवडिय़ों की सहूलियत के लिए लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) निर्माण खंड-2 ने आखिर चौधरी चरण सिंह कांवड़ पटरी मुरादनगर गंगनहर मार्ग का निर्माण कार्य पूरा करा दिया है। गाजियाबाद की सीमा तक गंगनहर पटरी मार्ग का यह 12.350 किलोमीटर लंबाई में निर्माण किया गया है। इस पर पीडब्ल्यूडी का लगभग 3.25 करोड़ रुपए खर्च होगा।
पीडब्ल्यूडी निर्माण खंड-2 के अधिशासी अभियंता राम राजा ने बताया कि चौधरी चरण सिंह कांवड़ पटरी मार्ग 12.350 किलोमीटर लंबाई में कांवड़ मार्ग का निर्माण कराया गया है। इस पर लगभग 3.25 करोड़ रुपए खर्च होगा। टेंडर प्रक्रिया पूरी कराने के बाद कांट्रेक्टर से कांवड़ पटरी मार्ग का निर्माण मंगलवार को पूरा करा दिया गया। उन्होंने बताया कि गाजियाबाद सीमा क्षेत्र में कांवड़ पटरी मार्ग का निर्माण पूरा होने के बाद कांवडिय़ों को इस मार्ग से आने में सहूलियत होगी। कांवड़ पटरी मार्ग की टूटी सड़क का काली पक्की रोड का निर्माण किए जाने से इस मार्ग से आने वाले लाखों कांवडिय़ों एवं श्रद्धालुओं को इसका लाभ मिल सकेगा। कांवड़ पटरी मार्ग पिछले साल से जगह-जगह से टूट गई थी। मुरादनगर गंगनहर पुल के पास से लेकर मेरठ जिले की सीमा तक सड़क में गड्ढे हो गए थे।
जिलाधिकारी राकेश कुमार सिंह ने कांवड़ पटरी मार्ग की मरम्मत कराने के लिए पिछले दिनों बैठक में पीडब्ल्यूडी के इंजीनियरों को निर्देश दिए थे। पीडब्ल्यूडी के पास फिलहाल इस सड़क का निर्माण करने के लिए शासन से फंड नहीं मिला है। लेकिन टेंडर प्रक्रिया पूरी कराने के बाद इसका निर्माण ठेकेदार से करा दिया गया है। पीडब्ल्यूडी के अधिशासी अभियंता राम राजा का कहना है कि शासन को बजट रिलीज करने के लिए प्रस्ताव बनाकर भेज दिया गया है। डीएम की ओर से भी शासन को पत्र भेजा गया है। उन्होंने बताया कि जिले की सीमा में 12.350 किलोमीटर लंबाई में कांवड़ पटरी मार्ग का निर्माण कार्य पूरा करा दिया गया हैं। इसके अलावा पीडब्ल्यूडी द्वारा करीब 56 किलोमीटर लंबाई में सड़कों पर पैच वर्क का काम कराया गया है। सड़कों पर पैच वर्क का कार्य पूरा होने के बाद कांवड़ यात्रा के दौरान सड़कों पर कांवडिय़ों एवं श्रद्धालुओं को कोई परेशानी नहीं होगी।
















