• महिला आयोग की सदस्या ने की जनसुनवाई, वन स्टॉप सेंटर का किया निरीक्षण
• गाजियाबाद में 27 मामलों की सुनवाई, एक हफ्ते में निस्तारण का दिया अल्टीमेटम
उदय भूमि संवाददाता
गाजियाबाद। उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग की सदस्य डॉ. हिमानी अग्रवाल ने बुधवार को गाजियाबाद में आयोजित महिला जनसुनवाई कार्यक्रम में भाग लेकर महिला सशक्तिकरण, सुरक्षा और न्याय सुनिश्चित करने की दिशा में ठोस कदम उठाए। जीटी रोड स्थित लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) के गेस्ट हाउस में हुए इस विशेष जनसुनवाई सत्र में डॉ. अग्रवाल ने महिलाओं से सीधे संवाद किया और उनके साथ हुए उत्पीडऩ व अन्य समस्याओं को गंभीरता से सुना। इस जनसुनवाई में महिला संबंधी कुल 27 मामलों की सुनवाई की गई। डॉ. हिमानी अग्रवाल ने इन सभी मामलों का एक सप्ताह के भीतर गुणवत्तापूर्ण और प्रभावी निस्तारण सुनिश्चित करने के लिए अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए।
उन्होंने दो टूक शब्दों में कहा कि महिलाओं को न्याय दिलाना सिर्फ एक प्रशासनिक कार्य नहीं, बल्कि सामाजिक और नैतिक जिम्मेदारी है। प्रत्येक अधिकारी को यह समझना होगा कि हर पीडि़ता की उम्मीद इसी व्यवस्था से जुड़ी है।
जनसुनवाई के दौरान कई विभागों के वरिष्ठ अधिकारी भी उपस्थित रहे, जिनमें सिटी मजिस्ट्रेट डॉ. संतोष उपाध्याय, जिला प्रोबेशन अधिकारी मनोज कुमार पुष्कर, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी ओ.पी. यादव, सहायक जिला विद्यालय निरीक्षक सतीश कुमार पांडे, महिला थाना प्रभारी रितु त्यागी, और महिला अपराध सेल प्रभारी रमाकांत यादव शामिल रहे।
विद्यालय और अस्पताल का किया निरीक्षण
जनसुनवाई के पश्चात, डॉ. हिमानी अग्रवाल ने ब्लॉक रजापुर स्थित कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय का निरीक्षण किया। उन्होंने विद्यालय में उपस्थित छात्राओं से संवाद करते हुए उनकी शिक्षा, सुविधाएं और पोषण के स्तर के बारे में जानकारी ली। इस दौरान उन्होंने शिक्षा विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिया कि कि बालिकाओं को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के साथ-साथ पोषणयुक्त आहार भी दिया जाए ताकि उनका सर्वांगीण विकास हो सके। इसके बाद वे संजय नगर सेक्टर-23 स्थित संयुक्त जिला अस्पताल के वन स्टॉप सेंटर यूनिट-1 का दौरा करने पहुंचीं।
यहां सेंटर मैनेजर दीपाली और काउंसलर अंजना ने उन्हें केंद्र की कार्यप्रणाली और अब तक दर्ज मामलों की विस्तृत जानकारी दी। सेंटर द्वारा महिलाओं की सहायता के लिए किए गए कार्यों की प्रशंसा करते हुए डॉ. अग्रवाल ने कहा कि वन स्टॉप सेंटर संकट में घिरी महिलाओं के लिए आशा की किरण है। यहां किया जा रहा कार्य प्रेरणादायक है और इसे निरंतर इसी भाव से जारी रखना चाहिए। निरीक्षण के दौरान विधि सह परिवीक्षा अधिकारी लोकेन्द्र सिंह सहित अन्य अधिकारी भी उपस्थित रहे।
















