किसान आंदोलन का उत्तराखंड प्रदेश अध्यक्ष ने किया समर्थन
गाजियाबाद। उत्तराखंड प्रदेश कांग्रेस कमेटी के प्रदेश अध्यक्ष एवं पूर्व कैबिनेट मंत्री प्रीतम सिंह ने दिल्ली गाजीपुर बॉर्डर किसानों के द्वारा किया जा रहा आंदोलन का समर्थन किया। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार कृषि कानून के जरिए अन्नदाताओं का हक छीनना चाहती है। रविवार को कांग्रेस महानगर कमेटी के पूर्व महानगर अध्यक्ष नरेन्द्र भारद्वाज के प्रहलाद गढ़ी स्थित आवास पर पहुंचे उत्तराखंड प्रदेश कांग्रेस कमेटी के प्रदेश अध्यक्ष एवं पूर्व कैबिनेट मंत्री प्रीतम सिंह का कार्यकर्ताओं ने फूलों की माला पहनाकर जोरदार स्वागत किया। 
प्रीतम सिंह ने कहा कि कृषि कानून के खिलाफ हजारों किसान कंपकंपाती ठंड में अपनी जिंदगी दांव पर लगाकर जीविका बचाने की लड़ाई लड़ रहे हैं। लेकिन केंद्र सरकार के कानों पर जूं तक नहीं रेंग रही। उन्होंने कहा कि किसान अपने हक की लड़ाई लड़ रहे हैं। उन्हें उनका हक मिलना ही चाहिए। केंद्र सरकार और बिहार सरकार को मिलकर कृषि कानून को वापस लेना चाहिए। प्रीतम सिंह घंटो उनके आवास पर रुके। 
पत्रकार वार्ता के दौरान प्रदेश अध्यक्ष प्रीतम सिंह ने कहा कृषि कानून पूरी तरह से किसानों के खिलाफ है। लोकतांत्रिक तरीके से इसका विरोध कर रहे किसानों पर केंद्र की सरकार बलप्रयोग कर उनकी आवाज को दबा रही है। कहा कि यह परंपरा भारत जैसे लोकतंत्र के लिए शुभ संकेत नहीं है। भाजपा की खंडूड़ी सरकार के भू-कानून को त्रिवेंद्र सरकार ने समाप्त कर दिया। उन्होंने आरोप लगाया कि खनन सरकार के संरक्षण में चल रहा है। जब से केंद्र एवं अन्य प्रदेशों में भारतीय जनता पार्टी की सरकार आई है तभी से किसान मजदूर व्यापारी छात्र नौजवान युवा गरीब मजदूर सभी वर्ग परेशान हैं। इस दौरान उत्तराखंड प्रदेश उपाध्यक्ष एवं पूर्व मंत्री धीरेंद्र प्रताप, प्रदेश महामंत्री संगठन विजय सारस्वत, पूर्व मंत्री अजय सिंह, प्रदेश उपाध्यक्ष आर्यन शर्मा, लोकसभा प्रत्याशी डॉली शर्मा, विजय चौधरी, जितेंद्र गौड़, अनीस अहमद खान, पार्षद सुलतान विकाश खारी, पार्षद विजय गोयल, अमित यादव, कपिल यादव, अजय शर्मा, जितेंद्र पाल, सिराजुद्दीन सिराज, इमरान खान, जफीर आलम, वासुदेव शर्मा, शिवम ठाकुर, शानू गौड आदि मौजूद रहे।
















