स्कूलों में होगा प्लास्टिक बहिष्कार छात्रों को पढ़ाया जाएगा स्वच्छता का पाठ, नगर निगम के ऑनलाइन संवाद कार्यक्रम में नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक ने शिक्षकों के साथ की चर्चा

ऑनलाइन संवाद के दौरान प्लास्टिक बहिष्कार पर विशेष रूप से मंथन हुआ। प्लास्टिक से होने वाली हानियां एवं इससे बचाव को लेकर ठोस चर्चा हुई। ठोस अपशिष्ट प्रबंधन की कार्य प्रणाली को भी शिक्षकों एवं शिक्षिकाओं को समझाया गया। शहर को स्वच्छता और सुंदरता की ओर ले जाने में युवा पीढ़ा का महत्वपूर्ण रोल है। नगर आयुक्त ने बताया कि न केवल छात्रों का जागरूक होना उनको पर्यावरण की प्रति सजग बना रहा है बल्कि रोजगार के भी कई अवसर दिखा रहा है।

उदय भूमि संवाददाता
गाजियाबाद। प्लास्टिक के खिलाफ जंग और शहर को स्वच्छ एवं सुंदर बनाने की मुहिम तेज हो गई है। इस मुहिम में अधिक से अधिक लोगों को जोड़ने के साथ ही जागरूकता कार्यक्रम भी चलाये जा रहे हैं। नगर निगम ने स्कूलों के माध्यमों से घर-घर तक स्वच्छता का पाठ पढ़ाने की ठानी है। नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक ने इस मुहिम में स्कूल के शिक्षकों को डायरेक्ट कनेक्ट किया है। शुक्रवार को नगर आयुक्त द्वारा इस मुहिम के तहत ऑनलाइन संवाद कार्यक्रम का आयोजन किया गया। गाजियाबाद के 100 से अधिक स्कूलों के शिक्षक ऑनलाइन संवाद में शामिल रहे। नगर आयुक्त की इस आॅनलाइन संवाद परिचर्चा में नगर निगम के अधिकारी भी डिजीटल माध्यम से जुड़े रहे।

बीत दिनों हिंदी भवन में इसी तरह का एक आयोजन हुआ था। शुक्रवार को हुए ऑनलाइन संवाद में 100 स्कूलों के साथ-साथ चिंतन एनवायरमेंटल रिसर्च एंड एक्शन ग्रुप से जुड़े लोग भी शामिल हुए। नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक ने कहा कि जन सहभागिता किसी भी अभियान को सफल बनाने के लिए बहुत जरूरी है। इसी प्रकार गाजियाबाद को स्वच्छ और सुंदर बनाने के लिए जन-जन को जोड़ा जा रहा है। शहर में स्कूलों के माध्यम से छात्रों को बढ़ते प्रदूषण को कम करने के लिए ज्ञान मिलेगा। स्वच्छता का पाठ सभी विद्यार्थियों के लिए रोचक है जिसको अपने व्यवहार में लाकर शहर को प्रदूषण मुक्त बनाने में सभी सहयोग इेंगे।
ऑनलाइन संवाद के दौरान प्लास्टिक बहिष्कार पर विशेष रूप से मंथन हुआ। प्लास्टिक से होने वाली हानियां एवं इससे बचाव को लेकर ठोस चर्चा हुई। ठोस अपशिष्ट प्रबंधन की कार्य प्रणाली को भी शिक्षकों एवं शिक्षिकाओं को समझाया गया। शहर को स्वच्छता और सुंदरता की ओर ले जाने में युवा पीढ़ा का महत्वपूर्ण रोल है। नगर आयुक्त ने बताया कि न केवल छात्रों का जागरूक होना उनको पर्यावरण की प्रति सजग बना रहा है बल्कि रोजगार के भी कई अवसर दिखा रहा है। ठोस अपशिष्ट प्रबंधन में रोजगार की भी एक बड़ी योजना शामिल है। अपर नगर आयुक्त अवनींद्र ने बताया गया कि आॅनलाइन संवाद कार्यक्रम लगभग 3 घंटे तक चला। अध्यापिकाओं में भी स्वच्छता की जानकारी को लेकर उत्साह देखा गया। ऑनलाइन स्वच्छता के संवाद में 50 सरकारी स्कूल तथा 50 प्राइवेट स्कूलों के अध्यापक एवं अध्यापिकाएं शामिल हुई। नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. मिथलेश ने वेस्ट मैनेजमेंट, एयर पॉल्यूशन, प्लास्टिक बहिष्कार व ठोस अपशिष्ट प्रबंधन को लेकर जानकारी सांझा की।