-158वीं बोर्ड बैठक में मिलेगी अह्म प्रस्तावों को मंजूरी
गाजियाबाद। जीडीए की बहुप्रतिक्षित बोर्ड बैठक गुरुवार को आयोजित की जाएगी। बोर्ड बैठक में महत्वपूर्ण प्रस्तावों को स्वीकृति मिलने की उम्मीद है। इससे नागरिकों को भी कई सौगात मिल सकेंगी। बैठक संबंधी सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। जीडीए सभागार में शाम 4 बजे बोर्ड बैठक होगी। बैठक की अध्यक्षता मेरठ मंडल के मंडलायुक्त एवं जीडीए चेयरमैन सुरेंद्र सिंह करेंगे। बोर्ड बैठक में कुल 15 प्रस्ताव शामिल किए जाएंगे। इनमें कॉलोनियों के सेक्टर रेट मार्च-2022 तक फ्रीज करने के अलावा दिल्ली आनंद विहार से मेरठ के पल्लवपुरम तक निर्माणाधीन हाई स्पीड रेल प्रोजेक्ट के पास दुहाई एवं गुलधर के पास क्षेत्र में स्पेशल विकसित एरिया अधिसूचित करने के प्रस्ताव को मंजूरी मिलने की उम्मीद है। मंडलायुक्त बोर्ड बैठक के अलावा मधुबन बापूधाम योजना में भूखंडों के रेट बढ़ाने के विरोध में आवंटियों और किसानों के साथ भी बैठक करेंगे। तदुपरांत आरटीए परिवहन विभाग के अधिकारियों के साथ भी मंत्रणा करेंगे। 158वीं बोर्ड बैठक में मुख्य रूप से मधुबन-बापूधाम में बिके भूखंड की बढ़ी दरों के प्रस्ताव पर मुहर लगने की उम्मी है। इससे 1554 भूखंड आवंटियों पर आर्थिक भार पड़ेगा। वहीं, रैपिड रेल कॉरिडोर के दुहाई व गुलधर स्टेशन के आसपास 650 हेक्टेयर में व्यवसायिक और आवासीय हब बनाने और तीन क्षेत्र को छोड़कर अन्य योजनाओं में प्राधिकरण की संपत्ति फ्रीज करने का प्रस्ताव भी पास होने की उम्मीद है। बुधवार को बोर्ड बैठक के एजेंडे को अंतिम रूप दिया गया। जीडीए अधिकारियों ने बताया कि इस एजेंडे में मुख्य रूप से रैपिड रेल कॉरिडोर के दुहाई में 400 हेक्टेयर और गुलधर में 250 हेक्टेयर जमीन चिह्नित की गई है। जिसमें आवासीय व्यवसायिक व औद्योगिक क्षेत्र विकसित किए जाएंगे। इस प्रस्ताव को स्वीकृत कराकर इसके कार्य में तेजी लाई जाएगी। इसके अलावा इंदिरापुरम, कौशांबी और वसुंधरा को छोड़कर अन्य योजनाओं में संपत्तियों के सेक्टर रेट मार्च-2022 तक के लिए नहीं बढ़ाने का भी प्रस्ताव है। उधर, मधुबन-बापूधाम में करीब 1,554 भूखंडों आवंटियों की निर्धारित कीमत 11,800 रुपए प्रति वर्ग मीटर से बढ़ाकर करीब 16,975 प्रति वर्ग मीटर करने का भी प्रस्ताव शामिल है। इसके अलावा बैठक में कोयल एंक्लेव में कुल 5999.08 वर्ग मीटर क्षेत्रफल के भू उपयोग परिवर्तन करने, आवास व शहरी नियोजन विभाग के नियंत्रणाधीन अभिकरण की संपत्तियों की किश्तों पर ब्याज की दरों में एकरूपता रखने का प्रस्ताव है। बोर्ड बैठक के बाद मधुबन बापूधाम के पूर्व भूखंड आवंटियों से भी मंडलायुक्त चर्चा करेंगे। इस दौरान आवंटियों की समस्याएं सुनी जाएंगी।
















