मधुबन-बापूधाम योजना: किसानों को 27 व 28 नवंबर को लॉटरी से भूखंड आवंटित

-647 किसानों को मिलेगा उनके अधिगृहीत जमीन के अनुसार भूखंड, 40 से 2000 वर्गमीटर तक

उदय भूमि संवाददाता
गाजियाबाद। गाजियाबाद विकास प्राधिकरण (जीडीए) की मधुबन-बापूधाम योजना के तहत किसानों को उनके अधिगृहीत जमीन के अनुसार भूखंड आवंटित करने की तैयारियाँ पूरी हो गई हैं। जीडीए उपाध्यक्ष नंद किशोर कलाल ने स्पष्ट कर दिया है कि 27 और 28 नवंबर को लॉटरी ड्रा के माध्यम से कुल 647 किसानों को 647 भूखंड आवंटित किए जाएंगे। इस संबंध में जीडीए सचिव राजेश कुमार सिंह की अध्यक्षता में लोहिया नगर स्थित हिंदी भवन में लॉटरी ड्रा का आयोजन किया जाएगा। इसमें जीडीए के अपर सचिव प्रदीप कुमार सिंह समेत कमेटी के अन्य अधिकारी भी उपस्थित रहेंगे। इस लॉटरी ड्रॉ से आवंटन की प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी और निष्पक्ष होगी। पहले दिन यानी 27 नवंबर गुरूवार को 40 वर्गमीटर से लेकर 60, 90 और 150 वर्गमीटर के भूखंडों का लॉटरी ड्रॉ द्वारा आवंटन किया जाएगा। इसके अगले दिन 28 नवंबर शुक्रवार को 200 वर्गमीटर से लेकर 2000 वर्गमीटर तक के भूखंडों का वितरण किया जाएगा। जीडीए के अपर सचिव प्रदीप कुमार सिंह ने बताया कि सभी तैयारी पूरी कर ली गई है। लॉटरी ड्रॉ के दौरान किसानों के नामों का सही क्रम सुनिश्चित किया जाएगा और उन्हें उनके अधिगृहीत जमीन के अनुसार भूखंड प्रदान किए जाएंगे।

जीडीए उपाध्यक्ष नंद किशोर कलाल के निर्देश पर मंगलवार को जीडीए सचिव राजेश कुमार सिंह ने अभियंत्रण अनुभाग के अधिकारियों के साथ योजना स्थल का स्थलीय निरीक्षण किया। इस निरीक्षण में मधुबन-बापूधाम योजना के विकास कार्यों की रूपरेखा तय की गई। योजना में लगभग 100 करोड़ रुपए की लागत से सड़कों के निर्माण, अधोसंरचना, ड्रेनेज और अन्य आवश्यक सुविधाओं के विकास कार्य शीघ्र शुरू किए जाएंगे। यह पहल न केवल किसानों के लिए बल्कि गाजियाबाद में आधुनिक और सुव्यवस्थित आवासीय सुविधाएँ उपलब्ध कराने में भी अहम भूमिका निभाएगी।

मधुबन-बापूधाम योजना का महत्व
मधुबन-बापूधाम योजना वर्तमान में लगभग 800 एकड़ भूमि पर विकसित हो रही है। योजना के अंतर्गत किसानों को आवंटित किए जाने वाले भूखंडों में बुनियादी सुविधाओं के साथ-साथ सड़क, जल आपूर्ति, ड्रेनेज सिस्टम और पार्क जैसी आधुनिक व्यवस्थाएँ शामिल होंगी। योजना का उद्देश्य केवल भूमि का वितरण नहीं है, बल्कि किसानों और शहरवासियों को सुव्यवस्थित, आधुनिक और सुरक्षित आवासीय कॉलोनियों प्रदान करना भी है। योजना के तहत 647 भूखंड आवंटित किए जाने से पहले चरण की तैयारी पूरी हो जाएगी और भविष्य में इसके विकास कार्य तेजी से शुरू होंगे।

किसानों को पारदर्शी और निष्पक्ष वितरण का आश्वासन
जीडीए उपाध्यक्ष नंद किशोर कलाल ने सभी किसानों को भूखंड आवंटित करने के लिए दिशा-निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि भूखंड आवंटन की प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी और निष्पक्ष होगी। लॉटरी ड्रॉ से भूखंड आवंटन के बाद किसानों को उनके भूखंडों की सभी औपचारिकताएँ पूरी करने में भी मदद प्रदान की जाएगी। मधुबन-बापूधाम योजना के सफल क्रियान्वयन के बाद शहरवासियों को आधुनिक आवासीय कॉलोनियों में रहने का अवसर मिलेगा। इन कॉलोनियों में बेहतर बुनियादी सुविधाएँ, पानी और स्वच्छता की सुविधाएँ, पार्क और सामुदायिक केंद्र जैसी व्यवस्थाएँ उपलब्ध होंगी। इस योजना के भूखंड आवंटन के बाद विकास कार्य पूरी गति से शुरू होंगे और मधुबन-बापूधाम टाउनशिप गाजियाबाद के आवासीय और बुनियादी ढांचे के विकास में मील का पत्थर साबित होगी।

लॉटरी ड्रॉ के माध्यम से किसानों को मिलेगा भरोसा
लॉटरी ड्रॉ के माध्यम से भूखंड आवंटन की प्रक्रिया न केवल पारदर्शी होगी, बल्कि यह किसानों को यह भरोसा भी दिलाएगी कि उन्हें उनके हक के अनुसार भूखंड मिलेगा। 27 और 28 नवंबर को आयोजित होने वाले इस कार्यक्रम में सभी कानूनी और प्रशासनिक प्रक्रियाओं का पालन किया जाएगा। योजना के अंतर्गत विकसित किए जाने वाले भूखंड और बुनियादी संरचनाएँ किसानों और आम जनता के लिए सुव्यवस्थित, आधुनिक और सुरक्षित जीवन सुनिश्चित करेंगी। इस योजना से गाजियाबाद की सम्पूर्ण आवासीय और शहरी विकास योजना में नई दिशा मिलेगी।