-पीएमएस पर संपत्तियों की ऑनलाइन मिल सकेगी जानकारी: अतुल वत्स
उदय भूमि
गाजियाबाद। गाजियाबाद विकास प्राधिकरण (जीडीए) की संपत्तियों की बिक्री से लेकर खरीद, नाम दर्ज और अन्य संबंधित कार्यों की जल्द ही लोगों को प्रॉपर्टी मैनेजमेंट सिस्टम (पीएमएस) पर ऑनलाइन जानकारी मिल सकेगी। जीडीए द्वारा आगामी 17 फरवरी से इस पीएमएस सिस्टम को लागू कर दिया जाएगा। जीडीए उपाध्यक्ष अतुल वत्स के अथक प्रयास के बाद जीडीए में यह सिस्टम लागू होने जा रहा हैं। जीडीए उपाध्यक्ष के निर्देशन में मंगलवार को जीडीए सभागार में अपर सचिव प्रदीप कुमार सिंह की अध्यक्षता में जीडीए अधिकारियों और कर्मचारियों को पीएमएस का प्रशिक्षण दिया गया। एक क्लिक पर संपत्तियों से जुड़ी समस्त जानकारी लोगों को उपलब्ध हो जाएगा। इसलिए इसे जीडीए लागू करने जा रहा हैं। आगामी 17 फरवरी की संपत्तियों की नीलामी के आवंटन पत्र भी प्रॉपर्टी मैनेजमेंट सिस्टम से ही जारी किए जाएंगे। जीडीए की संपत्तियों की बिक्री, खरीद, नाम दर्ज और अन्य संबंधित कार्यों को सरल बनाने तथा एक क्लिक पर संपत्ति से जुड़ी समस्त जानकारी उपलब्ध कराने के लिए ही प्रॉपर्टी मैनेजमेंट सिस्टम की व्यवस्था लागू की जा रही है।
इसके संबंध में मंगलवार को स्टाफ को प्रशिक्षण दिया गया। प्रशिक्षण कार्यशाला में एचडीएफसी बैंक द्वारा नामित कंप्यूटर केंद्र आगरा के प्रतिनिधि जीपी अग्रवाल ने टीम के साथ विस्तृत रूप से इसका प्रेजेंटेशन दिया। इस अवसर पर अपर सचिव प्रदीप कुमार सिंह, ओएसडी-प्रथम, ओएसडी-द्वितीय,संयुक्त सचिव,जीडीए की टेक्निकल टीम एवं संबंधित स्टाफ उपस्थित रहा। प्रेजेंंटेशन में प्रॉपर्टी मैनेजमेंट सिस्टम के विभिन्न घटक-जैसे सर्वर, वेब एप्लिकेशन, यूजर एक्सेप्टेंस टेस्ट,ई-लॉटरी मैनेजमेंट सिस्टम,रजिस्ट्रेशन फॉर्म का प्रारूप,बैंक डिटेल्स डॉक्यूमेंटेशन, पेमेंट सिस्टम, चालान मैनेजमेंट सिस्टम, वित्तीय डैशबोर्ड आदि की विस्तृत रूप से जानकारी दी गई। पीएमएस के तहत पहले चरण में नई संपत्तियों की क्रय-विक्रय, नाम दर्ज एवं नोड्यूज को शामिल किया जाएगा। दूसरे चरण में लीगेसी डाटा को सिस्टम पर अपडेट किया जाएगा। क्लाउड कम्प्यूटिंग आधारित ब्लॉकचेन प्रबंधन का उपयोग करते हुए प्रत्येक संपत्ति की यूनिक आईडी जारी की जाएगी। जो कंप्यूटर पर लॉगिन आईडी के रूप में कार्य करेगा।
संपत्ति धारक जीडीए की वेबसाइट पर लॉगिन कर संपत्ति से संबंधित मूल आवंटी,सभी क्रेताओं का विवरण, भुगतान की स्थिति, रजिस्ट्री, कब्जा तारीख, बकाया धनराशि आदि की जानकारी ऑनलाइन प्राप्त कर सकेंगे। इसके लागू होने से आवंटियों को व्यक्तिगत रूप से जीडीए कार्यालय आने की आवश्यकता नहीं होगी। खास बात यह है कि ऑटो रिशैडयूलिंग प्रणाली के माध्यम से पेमेंट शेड्यूल स्वत:तय किया जा सकेगा। जिससे यह जटिल प्रक्रिया अत्यधिक आसान और समयबद्ध हो जाएगी। इस प्रणाली से पारदर्शिता बढ़ेगी, धोखाधड़ी से बचाव होगा और संपत्तियों की निगरानी संबंधित अधिकारियों द्वारा ऑनलाइन माध्यम से सरलता से की जा सकेगी।
प्रशिक्षण के दौरान कर्मचारियों को ऑनलाइन रसीद सत्यापन,लेखा जांच प्रक्रिया में सुगमता,पेमेंट शेड्यूल अपडेट और अन्य महत्वपूर्ण बिंदुओं की जानकारी दी गई। इसके माध्यम से संपत्ति धारकों को नियमित रूप से अपडेट्स प्राप्त होंगे। जीडीए उपाध्यक्ष अतुल वत्स ने बताया कि जीडीए द्वारा प्रॉपर्टी मैनेजमेंट सिस्टम को लागू किए जाने के लिए सभी तैयारियां पूरी कर ली गई है। इसके चलते मंगलवार को जीडीए सभागार में संपत्तियों से संबंधित सभी स्टाफ को प्रशिक्षण देते हुए प्रशिक्षित कराया गया। इस सिस्टम की शुरुआत आगामी 17 फरवरी को होने वाली संपत्तियों की नीलामी के आवंटन पत्र को जारी करते हुए किया जाना प्रस्तावित है।
















