-परिवार नियोजन साधनों के प्रचार-प्रसार पर स्वास्थ्य विभाग करें पूरा फोकस
– 87,277 के लक्ष्य को 15 जुलाई तक पूरा करने के निर्देश
गाजियाबाद। केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी योजना प्रधानमंत्री मातृ वन्दना योजना जनपद की गर्भवती महिलाओं के लिए वरदान सिद्ध हो रही है। महिलाओं को गर्भावस्था के दौरान पोषण युक्त आहार लेने में कोई दिक्कत न हो, इसके लिए सरकार द्वारा प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना के तहत तीन किस्तों में पांच हजार रुपये की प्रोत्साहन राशि लाभार्थियों के बैंक खाते में दी जा रही है। जनपद में योजना की शुरुआत से अब तक लगभग 80 हजार महिलाओं को 26 करोड़ रुपये का भुगतान उनके बैंक खाते में किया जा चुका है। मंगलवार को कलेक्ट्रेट के महात्मा गांधी सभागार में प्रधानमंत्री मातृ वन्दना योजना की बैठक करते हुए जिलाधिकारी राकेश कुमार सिंह ने मातृ वंदना योजना से लाभार्थियों को लाभान्वित करने के लिए सभी स्वास्थ्य अधिकारियों एवं कार्मचारियों को निर्देश दिए।
जिलाधिकारी ने कहा कि प्रधानमंत्री मातृ वन्दना योजना का मुख्य उद्देश्य जच्चा एवं बच्चा की स्वास्थ्य सुरक्षा और पोषण को सुनिश्चित करना है, ताकि गर्भवती महिला एवं होने वाला शिशु स्वस्थ और सुरक्षित रहे। गर्भवती और स्तनपान कराने वाली माताओं को पहले जीवित बच्चे के जन्म के दौरान इस योजना से फायदा होगा। योजना की राशि डीबीटी के माध्यम से लाभार्थी के बैंक खाते में सीधे भेजी जाती है। इसकी पहली किस्त एक हजार रुपये गर्भावस्था के पंजीकरण के समय, दूसरी किस्त दो हजार रुपये कम से कम एक प्रसवपूर्व जांच होने के बाद और तीसरी किस्त दो हजार रुपये बच्चे का जन्म पंजीकृत होने और बच्चे के प्रथम टीकाकरण चरण पूर्ण होने पर दी जाती है।

बैठक में जिलाधिकारी द्वारा जनपद में योजना की वर्तमान स्थिति पर चर्चा की गई और अधिकारियों को निर्देश दिए कि आजादी के अमृत महोत्सव के अंतर्गत जनपद में गर्भवती महिलाओं को योजना से आच्छादित करने के लिए दिए गए 87,277 के लक्ष्य को शत प्रतिशत 15 जुलाई तक पूर्ण कर लिया जाए। बैठक के दूसरे चरण में जिलाधिकारी राकेश कुमार सिंह द्वारा विश्व जनसंख्या स्थिरता पखवाड़ा के संबंध में समीक्षा की गई। विश्व जनसंख्या दिवस के उपलक्ष्य पर 11 जुलाई से 24 जुलाई तक चलने वाले जनसंख्या स्थिरता पखवाड़ा का आयोजन जनपद में किया जाएगा। इस बार की थीम परिवार नियोजन का अपनाओ, उपाय, तरक्की का लिखो नया अध्याय पर आधारित है। इस अभियान को सफल बनाने के लिए जनप्रतिनिधयों, डिजिटल प्लेटफॉर्म एवं मीडिया का सहयोग के लिए निर्देशित किया। सभी स्वास्थ्य केन्द्रों पर प्रचार-प्रसार कर सामुदायिक स्तर पर लोगों को जागरूक करने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि सभी स्वास्थ्य संस्थानों पर योग्य व इच्छुक लाभार्थियों को महिला नसबंदी और पुरुष नसबंदी की सुविधा उपलब्ध कराई जाए। इच्छुक दंपत्ति अस्थाई साधन के रूप में कॉपर-टी, छाया, अंतरा, कंडोम समेत अन्य सुविधा आशा कार्यकर्ता की सहयोग से प्राप्त कर सकते हैं। जिलाधिकारी ने पखवाड़े में ब्लॉक स्तर के सभी सामुदायिक, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र की आशा कार्यकर्ताओं, सामुदायिक स्तर के कार्यकर्ताओं को परिवार नियोजन संबंधी गर्भ निरोधक सामग्री, अन्य आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराने के निर्देश अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ0 डीएम सक्सेना को दिए जिससे अधिक से अधिक लोगो तक परिवार नियोजन के साधनों की पहुंच सुनिश्चित की जा सके। इस मौके पर सीडीओ विक्रमादित्य सिंह मलिक, सीएमओ डॉ0 भवतोष शंखधर, डीएसओ डॉ0 आरके गुप्ता, डिप्टी सीएमओ डॉ0 चरन सिंह, जिला कार्यक्रम अधिकारी शशि वाष्र्णेय, जिला कार्यक्रम समन्वयक दीपक कुमार सहित समस्त चिकित्सा इकाइयों के प्रभारी उपस्थित रहे।
















