ग्रेटर नोएडा। नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट (जेवर) की बेहतर कनेक्टिविटी के लिए सभी जरूरी पहलुओं पर काम चल रहा है। भविष्य में एयरपोर्ट की कनेक्टिविटी लाजबाव होगी। इसके लिए यमुना प्राधिकरण की कोशिशें निरंतर जारी हैं। इसके मद्देनजर नोएडा एयरपोर्ट को दिल्ली-हावड़ा रेलमार्ग से भी जोड़ने का निर्णय लिया गया है। ऐसा होने पर कार्गो सेक्टर को बढ़ावा मिल सकेगा। यमुना प्राधिकरण ने इस बावत प्रस्ताव तैयार किया है। नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट (जेवर) की कनेक्टिविटी के लिए हरसंभव कदम उठाए जा रहे हैं। अब चोला रेलवे स्टेशन से जेवर एयरपोर्ट तक ट्रैक बिछाने पर विचार किया गया है। केंद्र सरकार को इस संबंध में प्रस्ताव भेजा जाएगा।
जेवर में एशिया का सबसे बड़ा एयरपोर्ट बनाया जाना है। वहां पर मेंटेनेंस, ओवरहालिंग एंड रिपेयरिंग (एमआरओ) और कार्गो का भी व्यापक स्तर पर काम होगा। नतीजन एयरपोर्ट की कनेक्टिविटी पर खासा बल दिया गया है। एयरपोर्ट को सड़क मार्ग, मेट्रो, बुलेट ट्रेन इत्यादि से कनेक्ट किया जाना है। कार्गो सेक्टर को बढ़ाने के मकसद से नोएडा एयरपोर्ट को दिल्ली-हावड़ा रेलमार्ग से भी कनेक्ट किया जाएगा। एयरपोर्ट की साइट से दिल्ली-हावड़ा रेलमार्ग पर स्थापित चोला रेलवे स्टेशन सिर्फ 15 किलोमीटर दूर है। इस स्टेशन से जेवर एयरपोर्ट तक रेल लाइन बिछाई जाएगी। इस लाइन का उपयोग सिर्फ माल ढुलाई के काम में होगा।
यमुना प्राधिकरण यह प्रस्ताव जल्द उत्तर प्रदेश सरकार को भेजेगा। राज्य सरकार के माध्यम से प्रस्ताव को केंद्र सरकार को भेजा जाएगा ताकि इस पर कार्य आरंभ हो सके। चोला रेलवे स्टेशन से जुड़ने के साथ जेवर एयरपोर्ट डेडीकेटेड फ्रेट कॉरिडोर की पहुंच में आ जाएगा। ईस्टर्न और वेस्टर्न फ्रेट कॉरिडोर चोला के आस-पास मिलेंगे। इससे एयरपोर्ट की पहुंच फ्रेट कॉरिडोर तक हो जाएगी। एयरपोर्ट में कार्गो सेक्टर को बढ़ाने में यह परियोजना काफी मददगार साबित होगी। इसके चलते एयरपोर्ट को दिल्ली-हावड़ा रेल ट्रैक से जोड़ने पर विचार किया गया है।
उधर, यमुना एक्सप्रेस-वे प्राधिकरण के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) अरुणवीर सिंह का कहना है कि जेवर एयरपोर्ट को दिल्ली हावड़ा रेल मार्ग से कनेक्ट करने का प्रस्ताव तैयार किया गया है। चोला रेलवे स्टेशन से एयरपोर्ट तक लाइन बिछाई जाएगी। इस संदर्भ में उप्र शासन को प्रस्ताव भेजा जाएगा।
















